🚨 CaneUP पोर्टल अलर्ट (19 Jan)
आज CaneUP पोर्टल पर तकनीकी बदलाव किए गए हैं। सर्वर लोड को कंट्रोल करने के लिए सिस्टम अपडेट किया गया है।
UP Ganna News Today: उत्तर प्रदेश के गन्ना किसानों के लिए आज सुबह एक अहम सूचना सामने आई है।
गन्ना विभाग की आधिकारिक वेबसाइट CaneUP.in पर सर्वर और डेटा प्रोसेसिंग से जुड़े कुछ बदलाव किए गए हैं।
विभागीय सूत्रों के अनुसार, इन बदलावों का उद्देश्य पर्ची और भुगतान से जुड़ी जानकारी को पहले से बेहतर तरीके से दिखाना है।
आज का अपडेट क्या है?
- SMS में देरी संभव: पर्ची कटने का SMS कुछ किसानों को देर से मिल सकता है।
हालांकि e-Ganna App पर जानकारी पहले दिखाई दे रही है। - भुगतान प्रोसेस तेज: बैंक और मिल स्तर पर फाइल प्रोसेसिंग को तेज किया गया है।
कुछ मामलों में भुगतान पहले की तुलना में जल्दी दिखाई दे सकता है।
किन किसानों को स्टेटस जरूर चेक करना चाहिए?
अगर आपका सट्टा (Bonding) नीचे दी गई चीनी मिलों में है, तो आज अपना CaneUP स्टेटस जरूर देखें:
CaneUP पर डेटा नहीं दिख रहा?
सर्वर अपडेट के कारण कुछ किसानों को “Data Not Found” की समस्या दिख सकती है। ऐसे में यह उपाय करें:
- वेबसाइट की जगह e-Ganna App का उपयोग करें।
- अगर ऐप भी न खुले, तो अपनी गन्ना समिति या तौल लिपिक से संपर्क करें।
- कुछ समय बाद दोबारा सर्वर चेक करें।
👉 CaneUP पोर्टल खोलें
(अगर लिंक न खुले तो कुछ मिनट बाद पुनः प्रयास करें)
19 जनवरी को भुगतान को लेकर क्या स्थिति है?
रविवार की छुट्टी के कारण रुकी हुई कुछ भुगतान फाइलें आज प्रोसेस की जा रही हैं।
जिन किसानों की पर्ची 10 से 20 दिसंबर के बीच की है,
वे आज या अगले कार्यदिवस में अपना बैंक बैलेंस चेक कर सकते हैं।
❓ सवाल–जवाब
पर्ची कट गई लेकिन SMS नहीं आया?
नेटवर्क या सर्वर लोड के कारण देरी हो सकती है।
तौल केंद्र की लिस्ट जरूर देखें।
आज बैंक में भीड़ हो सकती है?
दो दिन बाद बैंक खुले हैं।
ATM या मोबाइल बैंकिंग का उपयोग करना बेहतर रहेगा।
रिपोर्ट: Aamir Raza
CaneUp.xyz टीम विभागीय सूत्रों के संपर्क में है। अपडेट समय-समय पर दिया जाएगा।

आमिर रज़ा पिछले 4 वर्षों से CaneUP.xyz वेबसाइट का संचालन कर रहे हैं।
वे गन्ना किसानों से जुड़े विषयों जैसे भुगतान, रिकॉर्ड, पोर्टल अपडेट और खेती से संबंधित जानकारी को सरल भाषा में किसानों तक पहुंचाने का काम कर रहे हैं।
अब तक 50 लाख से ज्यादा किसान CaneUP.xyz के माध्यम से सही और भरोसेमंद जानकारी प्राप्त कर चुके हैं।
लेखक का उद्देश्य किसानों तक समय पर, स्पष्ट और उपयोगी जानकारी पहुंचाना है, ताकि वे सही निर्णय ले सकें और किसी भी तरह की अफवाह से बच सकें।
