गन्ना सट्टा व सर्वे आपत्ति संशोधन की आज 20 सितंबर अंतिम तिथि: 168 गन्ना समितियों में उमड़ी भीड़ — पोर्टल पर ऐसे कराएं रकबा शुद्धिकरण व बैंक सीडिंग

लखनऊ / मुजफ्फरनगर / लखीमपुर खीरी (CaneUp विशेष ब्यूरो — 20 सितंबर 2026): उत्तर प्रदेश के 50 लाख गन्ना किसानों के लिए आज का दिन अत्यंत महत्वपूर्ण है। गन्ना विकास एवं चीनी उद्योग विभाग द्वारा आगामी पेराई सत्र 2026-27 के लिए संचालित सट्टा एवं सर्वे आपत्ति निस्तारण अभियान की आज 20 सितंबर 2026 को अंतिम तिथि है। गन्ना आयुक्त लखनऊ के आदेशानुसार राज्य की सभी 168 सहकारी गन्ना विकास समितियों में विशेष सहायता काउंटर सुबह 6:00 बजे से रात 8:00 बजे तक लगातार खुले रहेंगे।
प्रदेश के पश्चिमी और मध्य जनपदों (मुजफ्फरनगर, शामली, मेरठ, बिजनौर, लखीमपुर खीरी, बरेली, सीतापुर और शाहजहांपुर) की समितियों में आज सुबह से ही किसानों की भारी कतारें देखी जा रही हैं।
📋 आज 20 सितंबर को कौन-कौन से 5 काम कराना अनिवार्य है?
गन्ना विभाग ने किसानों से अपील की है कि वे आज ही निम्नलिखित 5 महत्वपूर्ण विसंगतियों का सुधार करा लें:
- रकबा शुद्धिकरण (Acreage Correction): यदि सर्वेयर ने आपके गन्ने का रकबा कम दर्ज किया है, तो राजस्व खतौनी और घोषणा-पत्र लगाकर रकबा सही कराएं ताकि बेसिक कोटे की पूरी पर्चियां मिल सकें।
- प्रजाति संशोधन (Variety Update): जिन किसानों ने रेड रॉट रोग से प्रभावित Co-0238 के स्थान पर नई अगेती किस्में (Co-0118, Co-15023 या CoS-13235) बोई हैं, वे अपनी प्रजाति को अनिवार्य रूप से अगेती (Early) श्रेणी में दर्ज कराएं ताकि ₹400/क्विंटल का उच्चतम SAP रेट मिले।
- पेड़ी एवं पौधा गन्ना वर्गीकरण (Ratoon & Plant Separation): पेड़ी गन्ने की पर्चियां पहले 3 पखवाड़ों में कटती हैं। यदि पेड़ी का रकबा पौधे में दर्ज हो गया है, तो इसे तुरंत अलग कराएं।
- आधार व NPCI बैंक सीडिंग: भुगतान में देरी से बचने के लिए अपने बैंक खाते को आधार और NPCI सर्वर से एक्टिव कराएं।
- सट्टा वरासत (Inheritance Settlement): यदि सट्टा धारक किसान का देहांत हो गया है, तो वारिस किसान मृत्यु प्रमाण-पत्र और परिवार रजिस्टर नकल जमा कर सट्टा अपने नाम ट्रांसफर कराएं।
🖥️ enquiry.caneup.in और eGanna App पर ऑनलाइन स्थिति कैसे जांचें?
किसान घर बैठे भी अपने सट्टे की जांच कर सकते हैं:
- आधिकारिक पोर्टल enquiry.caneup.in या CaneUp.xyz पर जाएं।
- कैप्चा कोड भरकर अपना जिला, मिल, समिति और गांव चुनें।
- 4-अंकीय किसान कोड (Grower Code) दर्ज करें।
- ‘सर्वे डेटा’ टैब में जाकर कुल रकबा, प्रजाति और पेड़ी/पौधा का अनुपात चेक करें। यदि कोई गलती दिखे, तो तुरंत फॉर्म-3 डाउनलोड कर समिति में जमा करें।
📞 किसान सहायता टोल-फ्री हेल्पलाइन
यदि समिति स्तर पर कोई कर्मचारी आपत्ति दर्ज करने से मना करता है, तो किसान सीधे राज्य गन्ना आयुक्त नियंत्रण कक्ष में संपर्क कर सकते हैं:
- टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर:
1800-121-3203 - किसान कॉल सेंटर:
1800-180-1551 - WhatsApp सहायता: caneup.xyz के मुख्य पृष्ठ पर उपलब्ध किसान सहायता फॉर्म भरकर सीधे समाधान प्राप्त करें।
अपनी समस्या या सवाल दर्ज करें
गन्ना पर्ची, सट्टा संशोधन, सर्वे, ई-गन्ना ऐप या भुगतान में कोई भी दिक्कत हो, नीचे अपनी जानकारी भरें। हमारी टीम समाधान में आपकी पूरी मदद करेगी।
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