होम त्योहारी सीजन में चीनी निर्यात पर पाबंदी …

त्योहारी सीजन में चीनी निर्यात पर पाबंदी जारी: घरेलू बाजार में ₹38 प्रति किलो पर स्थिर रहेंगे दाम — 85 लाख टन का सरप्लस बफर स्टॉक सुरक्षित

Aamir Raza Sep 23, 2026 2 min read
त्योहारी सीजन में चीनी निर्यात पर पाबंदी जारी: घरेलू बाजार में ₹38 प्रति किलो पर स्थिर रहेंगे दाम — 85 लाख टन का सरप्लस बफर स्टॉक सुरक्षित
अंतिम अपडेट: September 23, 2026 8:15 PM IST — यह आर्टिकल नियमित रूप से अपडेट किया जाता है।

नई दिल्ली / लखनऊ (CaneUp विशेष ब्यूरो — 23 सितंबर 2026 शाम): आगामी त्योहारी सीजन (दशहरा, करवाचौथ, धनतेरस, दीपावली, गोवर्धन पूजा, भाई दूज और छठ महापर्व) के दौरान देश के 140 करोड़ नागरिकों को सस्ती और सुलभ चीनी उपलब्ध कराने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। केंद्रीय उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय द्वारा बुधवार शाम जारी अधिसूचना में स्पष्ट किया गया है कि व्यावसायिक चीनी निर्यात (Sugar Export) पर प्रतिबंध आगामी आदेशों तक जारी रहेगा।

सरकार के इस कदम से अंतरराष्ट्रीय बाजार में चीनी की कीमतें ऊंची होने के बावजूद घरेलू बाजार में चीनी के दामों में कोई अवांछित उछाल नहीं आएगा।


📦 देश में चीनी की उपलब्धता और स्टॉक के आधिकारिक आंकड़े

खाद्य मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार देश में चीनी का पर्याप्त सरप्लस स्टॉक मौजूद है:

विवरण (Parameter)सरकारी आंकड़े (Data)टिप्पणी
शुरुआती बफर स्टॉक (Opening Stock 1 Oct)85.0 लाख मीट्रिक टनघरेलू मांग से ढाई महीने अधिक
अनुमानित कुल उत्पादन (2026-27)335 लाख मीट्रिक टनसामान्य से बंपर पैदावार
वार्षिक घरेलू खपत (Annual Consumption)285 लाख मीट्रिक टनपूर्णतः सुरक्षित आपूर्ति
इथेनॉल में डायवर्जन कोटा40 लाख मीट्रिक टनपेट्रोल ब्लेंडिंग हेतु आरक्षित
वर्तमान थोक चीनी भाव₹3,820 - ₹3,880 / कुंतलबाजार में पूर्ण स्थिरता

🍬 त्योहारी मांग को पूरा करने के लिए अक्टूबर कोटा जारी

  • 23.50 लाख मीट्रिक टन का विशेष रिलीज कोटा: मंत्रालय ने सभी चीनी मिलों के लिए अक्टूबर महीने का घरेलू बिक्री कोटा जारी कर दिया है, ताकि मिठाइयों और खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों को पर्याप्त चीनी मिल सके।
  • जमाखोरी और सट्टेबाजी पर कड़ी नजर: राज्य सरकारों को निर्देश दिए गए हैं कि वे थोक व्यापारियों और स्टॉकिस्टों के गोदामों पर स्टॉक सीमा नियमों का कड़ाई से पालन करवाएं।

❓ अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

प्रश्न 1: क्या निर्यात बंद होने से चीनी मिलों को नुकसान होगा?

उत्तर: नहीं। सरकार ने मिलों को 40 लाख टन चीनी इथेनॉल में बदलने की अनुमति दी है, जहां तेल कंपनियों से ₹65 प्रति लीटर का आकर्षक नकद भाव मिल रहा है।

प्रश्न 2: क्या त्योहारी सीजन में खुदरा में चीनी ₹50 पार जाएगी?

उत्तर: बिल्कुल नहीं। पर्याप्त आपूर्ति के कारण खुदरा दाम ₹38 से ₹42 प्रति किलो के बीच ही बने रहेंगे।

प्रश्न 3: विश्व बाजार में चीनी की क्या स्थिति है?

उत्तर: ब्राजील और थाईलैंड में सूखे के कारण वैश्विक बाजार में कीमतें ऊंची हैं, लेकिन भारत अपनी घरेलू खाद्य सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रहा है।

🌾 CaneUp किसान सहायता पोर्टल

अपनी समस्या या सवाल दर्ज करें

गन्ना पर्ची, सट्टा संशोधन, सर्वे, ई-गन्ना ऐप या भुगतान में कोई भी दिक्कत हो, नीचे अपनी जानकारी भरें। हमारी टीम समाधान में आपकी पूरी मदद करेगी।

1 जिला व मिल चुनें
2 गांव व नाम डालें
3 समस्या लिखकर भेजें
उत्तर प्रदेश का अपना जनपद चुनें
आपके जिले से संबंधित चीनी मिलें
इस नंबर पर आपको पर्ची और भुगतान के व्हाट्सएप अपडेट्स मिलेंगे
जितना स्पष्ट लिखेंगे, उतनी जल्दी सटीक समाधान मिलेगा

🔒 आपकी निजी जानकारी 100% सुरक्षित है। हम कोई स्पैम नहीं भेजते। केवल आपकी मिल से जुड़े आधिकारिक अपडेट्स शेयर किए जाते हैं।

Aamir Raza
लेखक एवं मुख्य संपादक

Aamir Raza

संस्थापक एवं प्रधान संपादक — CaneUp.xyz। उत्तर प्रदेश गन्ना उद्योग, पर्ची कैलेंडर, SAP/MSP मूल्य नीति, ई-गन्ना पोर्टल और किसान अधिकारों पर 10+ वर्षों का जमीनी अनुभव।

यह आर्टिकल कैसा लगा?

📬 गन्ना अपडेट पाएं

MSP रेट, पर्ची कैलेंडर, सरकारी योजनाएं — सीधे आपके इनबॉक्स में