
गोरखपुर की शुगर मिल्स उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल क्षेत्र में गन्ना किसानों की आय का प्रमुख स्रोत हैं। अगर आप गोरखपुर जिले के गन्ना किसान हैं और 2026 के पेराई सत्र में अपनी फसल कहाँ भेजनी है, यह जानना चाहते हैं तो यह लेख आपके लिए है। यहाँ हमने गोरखपुर जिले की सभी चीनी मिलों की विस्तृत जानकारी एकत्र की है — जिसमें TCD क्षमता, स्थान, पर्ची कैलेंडर देखने का तरीका, MSP दर और किसानों के लिए उपयोगी सुझाव शामिल हैं।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| जिला | गोरखपुर, उत्तर प्रदेश |
| कुल चीनी मिलें | 3 |
| कुल क्षमता (अनुमानित) | ~14,500 TCD |
| प्रमुख मिल | सरदारनगर चीनी मिल (सराया शुगर मिल्स) |
| MSP (गन्ना मूल्य) 2025-26 | ₹340-350/कुंतल (सामान्य), ₹355-365/कुंतल (अगेती) |
| पर्ची कैलेंडर | caneup.up.gov.in पर उपलब्ध |
लेखक नोट: यह जानकारी अगस्त 2026 तक अपडेट है। मिल क्षमता और MSP दरों में परिवर्तन हो सकता है। कृपया नवीनतम जानकारी के लिए जिला गन्ना अधिकारी कार्यालय या CaneUp पोर्टल पर जाँच करें।
गोरखपुर उत्तर प्रदेश के पूर्वी हिस्से में स्थित एक महत्वपूर्ण जिला है जो गन्ना खेती के लिए जाना जाता है। यहाँ की उपजाऊ भूमि और अनुकूल जलवायु गन्ना उत्पादन के लिए बेहद अनुकूल है। गोरखपुर जिले में कुल 3 चीनी मिलें सक्रिय हैं जो किसानों की गन्ना फसल की खरीद और प्रसंस्करण का कार्य करती हैं।
जिले में गन्ना खेती मुख्य रूप से राप्ती और रोहिन नदियों के किनारे की उपजाऊ जमीन पर होती है। यहाँ के किसान Co 0238, CoS 767, CoSe 95422 और Co 86032 जैसी उन्नत किस्मों की खेती करते हैं। गोरखपुर की जलवायु गन्ना खेती के लिए उपयुक्त है — यहाँ गर्मियों में पर्याप्त गर्मी और मानसून में अच्छी बारिश होती है।
गोरखपुर जिले में गन्ना खेती मुख्य रूप से निम्नलिखित ब्लॉकों में होती है:
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| मिल का नाम | धुरियापार किसान शुगर मिल्स लिमिटेड |
| स्थान | धुरियापार हरपार, PO. गजपुर, देईडीहा |
| अनुमानित क्षमता | ~3,500 TCD |
| प्रकार | सहकारी (को-ऑपरेटिव) |
| संपर्क | (05521) 230142, 234280 |
| स्थिति | सक्रिय |
यह मिल गोरखपुर जिले की प्रमुख सहकारी चीनी मिल है। यहाँ गन्ना किसानों को सीधे पर्ची के माध्यम से गन्ना आपूर्ति का अवसर मिलता है। मिल प्रबंधन द्वारा हर सत्र में गन्ना खरीद की एक निर्धारित कैलेंडर जारी किया जाता है।
सहकारी मिल होने के कारण किसानों की इसमें सीधी भागीदारी होती है। किसान इस मिल के शेयरधारक होते हैं और मिल के लाभ में उनकी हिस्सेदारी होती है। यह मिल देईडीहा और आसपास के गाँवों के किसानों के लिए गन्ना खरीद का प्रमुख केंद्र है।
इस मिल की विशेषताएँ:
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| मिल का नाम | यूपी स्टेट शुगर एंड केन डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड |
| स्थान | पिपरौइच, गोरखपुर |
| अनुमानित क्षमता | ~3,500 TCD |
| प्रकार | राज्य सरकार (PSU) |
| संपर्क | जिला गन्ना अधिकारी कार्यालय, गोरखपुर |
| स्थिति | सक्रिय |
पिपरौइच चीनी मिल उत्तर प्रदेश राज्य शुगर निगम की इकाई है। यह सरकारी मिल होने के कारण किसानों को गन्ना भुगतान में अपेक्षाकृत सुरक्षा मिलती है। यह मिल गोरखपुर के पिपरौइच क्षेत्र में स्थित है और आसपास के गाँवों के किसानों के लिए मुख्य गन्ना खरीद केंद्र है।
यूपी शुगर निगम की विशेषताएँ:
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| मिल का नाम | सराया शुगर मिल्स |
| स्थान | PO. सरदारनगर, गोरखपुर |
| अनुमानित क्षमता | ~7,500 TCD |
| प्रकार | निजी (प्राइवेट) |
| संपर्क | (0551) 2711389, 2711159, 2711160 |
| स्थिति | सक्रिय |
सरदारनगर चीनी मिल गोरखपुर जिले की सबसे बड़ी और सबसे महत्वपूर्ण चीनी मिल है। यह निजी क्षेत्र की मिल है जो उच्च क्षमता पर कार्य करती है। इस मिल के आसपास के क्षेत्र में बड़ी संख्या में गन्ना किसान हैं जो हर साल अपनी फसल यहाँ भेजते हैं।
सरदारनगर मिल की विशेषताएँ:
| क्र.सं. | मिल का नाम | स्थान | अनुमानित TCD | प्रकार |
|---|---|---|---|---|
| 1 | धुरियापार किसान शुगर मिल्स | देईडीहा | ~3,500 | सहकारी |
| 2 | यूपी स्टेट शुगर कॉर्पोरेशन | पिपरौइच | ~3,500 | सरकारी |
| 3 | सराया शुगर मिल्स | सरदारनगर | ~7,500 | निजी |
| कुल | ~14,500 |
गन्ना पर्ची कैलेंडर किसानों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। इससे पता चलता है कि आपकी गन्ना डिलीवरी कब होगी। गोरखपुर जिले की चीनी मिलों का पर्ची कैलेंडर देखने के लिए:
प्रो टिप: पर्ची कैलेंडर हर सप्ताह अपडेट होता है। हर शनिवार को अगले सप्ताह की पर्ची जारी होती है। CaneUp ऐप डाउनलोड करें ताकि नोटिफिकेशन मिलते रहें।
भारत सरकार द्वारा हर वर्ष गन्ने का Fair and Remunerative Price (FRP) घोषित किया जाता है, जबकि उत्तर प्रदेश सरकार State Advised Price (SAP) निर्धारित करती है जो FRP से अधिक होती है।
| गन्ना प्रजाति | SAP दर (₹/कुंतल) | बोनस सहित |
|---|---|---|
| सामान्य गन्ना (General) | ₹340 | ₹340-350 |
| अगेती गन्ना (Early) | ₹355 | ₹355-365 |
| अनुमोदित किस्में (Approved varieties) | ₹350 | ₹350-360 |
महत्वपूर्ण: ये दरें उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा निर्धारित SAP 2025-26 पर आधारित हैं। प्रत्येक पेराई सत्र में नई दरें घोषित होती हैं। 2026-27 के लिए नई दरों की घोषणा अक्टूबर-नवंबर 2026 में होने की उम्मीद है।
प्रो टिप: अगर आपका गन्ना भुगतान 14 दिनों के भीतर नहीं मिलता है, तो आप जिला गन्ना अधिकारी से शिकायत कर सकते हैं। उत्तर प्रदेश में गन्ना भुगतान के लिए 14 दिन की समयसीमा निर्धारित है।
गोरखपुर जिले में गन्ना किसानों को कई चुनौतियों का सामना करना पड़ता है:
गोरखपुर की शुगर मिल्स पूर्वांचल क्षेत्र के गन्ना किसानों के लिए आर्थिक रीढ़ का काम करती हैं। जिले में 3 प्रमुख चीनी मिलें — धुरियापार किसान शुगर मिल्स, पिपरौइच राज्य शुगर निगम और सरदारनगर सराया शुगर मिल्स — किसानों की गन्ना फसल की खरीद और प्रसंस्करण करती हैं। किसानों को CaneUp पोर्टल पर नियमित रूप से पर्ची कैलेंडर और MSP दरों की जाँच करते रहना चाहिए। गन्ना भुगतान समय पर मिले, यह सुनिश्चित करने के लिए अपना बैंक खाता CaneUp पोर्टल पर अपडेट रखें। गोरखपुर में गन्ना खेती की चुनौतियों के बावजूद, यहाँ के किसान उन्नत किस्मों और आधुनिक तकनीकों का उपयोग करके अपनी आय बढ़ा सकते हैं।
उत्तर: गोरखपुर जिले में कुल 3 चीनी मिलें हैं — धुरियापार किसान शुगर मिल्स (देईडीहा), यूपी स्टेट शुगर कॉर्पोरेशन (पिपरौइच), और सराया शुगर मिल्स (सरदारनगर)। इनमें से सरदारनगर मिल सबसे बड़ी है जिसकी क्षमता ~7,500 TCD है। धुरियापार एक सहकारी मिल है जबकि पिपरौइच सरकारी मिल है।
उत्तर: उत्तर प्रदेश में 2025-26 पेराई सत्र के लिए सामान्य गन्ने का SAP ₹370 प्रति कुंतल और अगेती गन्ने का SAP ₹400 प्रति कुंतल है। यह दर हर वर्ष बदल सकती है। भारत सरकार का FRP ₹365/कुंतल है, लेकिन उत्तर प्रदेश में SAP अधिक है। 2026-27 के लिए नई दरों की घोषणा अक्टूबर-नवंबर 2026 में होने की उम्मीद है।
उत्तर: गन्ना पर्ची कैलेंडर देखने के लिए caneup.up.gov.in पोर्टल पर जाएँ, अपना पर्ची नंबर या मोबाइल नंबर दर्ज करें, और “पर्ची कैलेंडर” विकल्प पर क्लिक करें। आप SMS के माध्यम से भी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं — अपना पर्ची नंबर 092123 57123 पर भेजें। इसके अलावा, अपनी गन्ना समिति के सचिव से भी पर्ची कैलेंडर की जानकारी ले सकते हैं।
उत्तर: अगर गन्ना भुगतान 14 दिनों के भीतर नहीं मिलता है, तो सबसे पहले अपनी गन्ना समिति से संपर्क करें। इसके बाद जिला गन्ना अधिकारी (DCO), गोरखपुर से शिकायत करें। आप CaneUp पोर्टल पर भी ऑनलाइन शिकायत दर्ज कर सकते हैं। अगर फिर भी समाधान न हो, तो उत्तर प्रदेश गन्ना विकास परिषद से संपर्क करें। भुगतान में देरी के लिए मिल पर ब्याज का भी प्रावधान है।
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