
उत्तर प्रदेश में 15 अक्टूबर से आरंभ होने जा रहे पेराई सत्र 2026-27 से पूर्व गन्ने के राज्य परामर्शित मूल्य (State Advised Price - SAP) को लेकर किसान संगठनों, चीनी मिल संघों और शासन के बीच चर्चाएं निर्णायक मोड़ पर पहुंच गई हैं। कृषि लागत एवं मूल्य आयोग (CACP) के आंकड़ों, बढ़ती डीजल व खाद लागत और पड़ोसी राज्यों (हरियाणा व पंजाब) द्वारा घोषित दरों के मद्देनजर चालू सत्र में उत्तर प्रदेश में गन्ने के भाव में महत्वपूर्ण बढ़ोतरी की प्रबल संभावना है।
इस विस्तृत लेख में हम गन्ने के वर्तमान भाव, अगेती व सामान्य किस्मों की मूल्य सूची, प्रति एकड़ उत्पादन लागत का गणित और केंद्र सरकार के एफआरपी (FRP) बनाम राज्य के एसएपी (SAP) के अंतर का संपूर्ण विश्लेषण प्रस्तुत कर रहे हैं।
1. उत्तर प्रदेश गन्ना मूल्य (SAP) का वर्तमान व संभावित ढांचा (2026-27)
उत्तर प्रदेश में गन्ने की किस्मों को उनकी मिठास (शुगर रिकवरी) और परिपक्वता अवधि के आधार पर तीन श्रेणियों में बांटा गया है:
| गन्ने की श्रेणी (Variety Class) | प्रमुख किस्में (Example Varieties) | पेराई सत्र 2025-26 एसएपी | प्रस्तावित 2026-27 एसएपी (संभावित) | किसान संगठनों की मांग |
|---|---|---|---|---|
| अगेती प्रजाति (Early Variety) | Co-15023, CoS-17231, CoLk-14201, Co-0118 | ₹370 / क्विंटल | ₹395 से ₹405 / क्विंटल | ₹450 से ₹600 / क्विंटल |
| सामान्य प्रजाति (General Variety) | Co-0238, CoS-767, CoLk-94184 | ₹360 / क्विंटल | ₹385 से ₹395 / क्विंटल | ₹430 से ₹550 / क्विंटल |
| अनुपयुक्त प्रजाति (Unapproved/Late) | CoS-8436, पुरानी देसी किस्में | ₹355 / क्विंटल | ₹375 से ₹380 / क्विंटल | ₹400 / क्विंटल |
2. SAP vs FRP: गन्ने के मूल्य निर्धारण का क्या है अंतर?
गन्ने के मूल्य में दो प्रकार की व्यवस्थाएं काम करती हैं:
- एफआरपी (Fair and Remunerative Price - उचित व लाभकारी मूल्य):
यह केंद्र सरकार के कृषि मंत्रालय द्वारा पूरे देश की चीनी मिलों के लिए न्यूनतम कानूनी आधार दर (Floor Price) के रूप में घोषित किया जाता है। सत्र 2026-27 के लिए केंद्र ने 10.25% बेसिक रिकवरी पर ₹365 प्रति क्विंटल की एफआरपी अधिसूचित की है। - एसएपी (State Advised Price - राज्य परामर्शित मूल्य):
उत्तर प्रदेश, हरियाणा और पंजाब जैसे राज्य अपनी स्थानीय उत्पादन लागत और किसानों के हितों को ध्यान में रखकर केंद्र की एफआरपी से अधिक मूल्य तय करते हैं, जिसे एसएपी कहा जाता है। राज्य की सभी निजी, सहकारी व निगम चीनी मिलों को इसी एसएपी दर पर भुगतान करना अनिवार्य होता है।
3. प्रति एकड़ गन्ना उत्पादन लागत का वास्तविक गणित (2026)
कृषि वैज्ञानिकों और किसान यूनियनों द्वारा तैयार किए गए वास्तविक लागत विश्लेषण के अनुसार, वर्तमान में एक एकड़ में गन्ना उगाने पर होने वाला औसत खर्च निम्नलिखित है:
| व्यय मद (Cost Head) | प्रति एकड़ औसत लागत (₹) | विवरण |
|---|---|---|
| खेत की जुताई व ट्रेंच मेकिंग | ₹3,500 | 4 बार गहरी जुताई + रूटावेटर |
| प्रमाणित गन्ना बीज (30 कुंतल) | ₹11,500 | ₹380/कुंतल की दर से शुद्ध बीज |
| खाद व उर्वरक (DAP, Potash, Urea) | ₹6,800 | 2 बोरी डीएपी, 1 पोटाश, 3 यूरिया, जिंक |
| कीटनाशक व फफूंदनाशक दवाएं | ₹4,500 | कोराजन / ट्राइकोडर्मा व स्प्रे |
| सिंचाई व्यय (6 से 8 पानी) | ₹6,000 | डीजल/बिजली पंपिंग लागत |
| निराई-गुड़ाई व बंधाई मजदूरी | ₹7,500 | 3 बार गुड़ाई व 2 बार बंधाई |
| कटाई व ढुलाई मजदूरी | ₹16,500 | ₹55 प्रति कुंतल (300 कुंतल पैदावार पर) |
| कुल प्रति एकड़ औसत लागत | ₹56,300 | प्रति कुंतल लागत: लगभग ₹187 से ₹210 |
यदि किसान को ₹370 प्रति क्विंटल का भाव मिलता है और 300 कुंतल पैदावार होती है, तो कुल आमदनी ₹1,11,000 होती है, जिसमें से ₹56,300 लागत घटाने पर 12 से 14 महीने की कड़ी मेहनत के बाद किसान को लगभग ₹54,700 का शुद्ध लाभ बचता है। किसान संगठनों का तर्क है कि महंगाई के इस दौर में यह लाभ सम्मानजनक नहीं है, इसलिए एसएपी को कम से कम ₹400 पार होना चाहिए।
4. पड़ोसी राज्यों से तुलना: यूपी, हरियाणा और पंजाब
| राज्य (State) | अगेती गन्ने का वर्तमान भाव | पेराई सत्र 2026-27 तैयारी | भुगतान की स्थिति |
|---|---|---|---|
| हरियाणा (Haryana) | ₹386 / क्विंटल | ₹405 / क्विंटल (प्रस्तावित) | देश में सबसे तेज (7 से 10 दिन) |
| पंजाब (Punjab) | ₹391 / क्विंटल | ₹400 / क्विंटल (संभावित) | राज्य सरकार द्वारा बोनस सब्सिडी |
| उत्तर प्रदेश (UP) | ₹370 / क्विंटल | ₹395 से ₹405 (विचाराधीन) | 97.4% भुगतान चुकता, एस्क्रो मॉनिटरिंग |
मूल्य घोषणा के बाद अपनी तौल पर्चियों की गणना करने के लिए गन्ना पर्ची कैलेंडर 2026-27 गाइड देखें और भुगतान नियम समझने के लिए गन्ना भुगतान स्थिति गाइड पढ़ें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs) — गन्ना मूल्य (SAP) 2026-27
Q1. क्या उत्तर प्रदेश में पेराई सत्र 2026-27 के लिए गन्ने का भाव बढ़ सकता है?
उत्तर: हाँ, डीजल, खाद और लेबर लागत बढ़ने तथा हरियाणा द्वारा ₹405 प्रस्तावित किए जाने के कारण यूपी में एसएपी में ₹25 से ₹35 प्रति क्विंटल बढ़ोतरी की पूरी संभावना है।
Q2. अगेती और सामान्य किस्म के गन्ने के भाव में कितना अंतर होता है?
उत्तर: उत्तर प्रदेश में अगेती (Early) किस्म का भाव सामान्य (General) किस्म से ₹10 प्रति क्विंटल अधिक तय किया जाता है।
Q3. क्या मिलें अपनी मर्जी से गन्ने का भाव कम कर सकती हैं?
उत्तर: बिल्कुल नहीं। राज्य सरकार द्वारा अधिसूचित एसएपी दर से कम भुगतान करना कानूनन अपराध है, जिसमें मिल प्रबंधन के खिलाफ एफआईआर और रिकवरी का प्रावधान है।
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