होम › आर्टिकल्स › UP Ganna Satta Pre-Calendar 2026-27: …

UP Ganna Satta Pre-Calendar 2026-27: ऑनलाइन सट्टा प्री-कैलेंडर और बेसिक कोटा कैसे देखें?

Aamir Raza Aamir Raza • Aug 31, 2026 • 4 min read
Google पर हमें फ़ॉलो करें
शेयर करें:
UP Ganna Satta Pre-Calendar 2026-27: ऑनलाइन सट्टा प्री-कैलेंडर और बेसिक कोटा कैसे देखें?
अंतिम अपडेट: August 31, 2026 10:10 PM IST — यह आर्टिकल नियमित रूप से अपडेट किया जाता है।

उत्तर प्रदेश के 50 लाख से अधिक गन्ना किसानों के लिए नए पेराई सत्र 2026-27 की तैयारी जोरों पर है। पेराई सत्र शुरू होने से पहले गन्ना विकास विभाग द्वारा सट्टा प्री-कैलेंडर (Satta Pre-Calendar) जारी किया जाता है। अगस्त और सितंबर के महीने में किसान भाइयों के लिए यह जांचना बेहद जरूरी है कि उनका सर्वे रकबा (Survey Area), बेसिक कोटा (Basic Quota) और बॉन्डिंग पर्चियां सही दर्ज हैं या नहीं।

अगर प्री-कैलेंडर में कोई गलती रह जाती है, तो मुख्य पेराई सत्र के दौरान आपकी पर्चियां रुक सकती हैं या कम पर्चियां जारी हो सकती हैं। आइए जानते हैं कि घर बैठे मोबाइल से गन्ना सट्टा प्री-कैलेंडर 2026-27 कैसे चेक करें।


गन्ना सट्टा प्री-कैलेंडर क्या होता है?

गन्ना सट्टा प्री-कैलेंडर (Pre-Calendar) मुख्य पर्ची कैलेंडर जारी होने से पहले का एक कच्चा प्रारूप (Draft) होता है। इसमें निम्नलिखित महत्वपूर्ण जानकारियां होती हैं:

  1. कुल सर्वे रकबा (Survey Area): आपके खेत में कुल कितना गन्ना (पौधा और पेड़ी) दर्ज है।
  2. बेसिक कोटा (Basic Quota): पिछले 3 वर्षों में आपके द्वारा मिल को की गई औसत गन्ना सप्लाई के आधार पर तय कोटा।
  3. सट्टा सीमा (Bonding Limit): आपकी जमीन की जोत और पैदावार के आधार पर अधिकतम कितने क्विंटल गन्ने का सट्टा चालू रहेगा।
  4. प्रस्तावित पर्ची संख्या: सीजन में आपको कुल कितनी पर्चियां (कॉलम और पखवाड़ा अनुसार) आवंटित की जा सकती हैं।

सट्टा प्री-कैलेंडर 2026-27 ऑनलाइन कैसे देखें? (Step-by-Step Guide)

आप गन्ना विभाग के आधिकारिक पोर्टल enquiry.caneup.in के जरिए आसानी से अपना सट्टा प्री-कैलेंडर देख सकते हैं:

स्टेप 1: आधिकारिक पोर्टल पर जाएं

सबसे पहले अपने मोबाइल या कंप्यूटर के ब्राउज़र में enquiry.caneup.in खोलें।

स्टेप 2: कैप्चा कोड भरें

होमपेज पर स्क्रीन पर दिखने वाला कैप्चा (Captcha Code) दर्ज करें और ‘View’ बटन पर क्लिक करें।

स्टेप 3: जिला और मिल का चयन करें

  • अपना District (जिला) चुनें।
  • अपनी Factory / Sugar Mill (चीनी मिल) चुनें।
  • अपनी Village (गांव) और Grower (किसान) का नाम या कोड चुनें।
  • (नोट: यदि आपके पास सीधे Grower Code (किसान कोड) है, तो ‘Search by Code’ चुनकर तुरंत प्रोफाइल खोल सकते हैं।)

स्टेप 4: किसान प्रोफाइल और टैब देखें

किसान की पूरी जानकारी स्क्रीन पर आ जाएगी। नीचे दिए गए विभिन्न टैब्स में से ‘Pre-Calendar’ (प्री-कैलेंडर) टैब पर क्लिक करें।

स्टेप 5: पर्ची और कोटा का मिलान करें

प्री-कैलेंडर में आपके कुल 12 पखवाड़े (Fortnights) और विभिन्न कॉलमों में पर्चियों का बंटवारा दिखेगा। इसका प्रिंटआउट या स्क्रीनशॉट सुरक्षित रख लें।


सट्टा प्री-कैलेंडर में मुख्य रूप से क्या जांचें?

विवरणक्या चेक करें?अगर गलत हो तो क्या करें?
पौधा / पेड़ी रकबाकुल बीघा/हेक्टेयर सही है या नहीं30 अगस्त से पहले सर्वे संशोधन फॉर्म भरें
बेसिक कोटापिछले 3 साल की सही सप्लाई का औसतसमिति सचिव को पिछले वर्षों की पर्ची रसीद दिखाएं
बैंक खाता व आधारबैंक खाता एक्टिव और आधार लिंक है या नहींeGanna या समिति पर NPCI मैपिंग कराएं
मोबाइल नंबरSMS पर्ची के लिए सही नंबर दर्ज होना चाहिएपोर्टल पर मोबाइल नंबर अपडेट का आवेदन करें

बेसिक कोटा (Basic Quota) कैसे निर्धारित होता है?

उत्तर प्रदेश गन्ना आपूर्ति नियमावली के तहत किसान का बेसिक कोटा पिछले तीन वर्षों की औसत आपूर्ति के आधार पर बनता है:

$$\text{Basic Quota} = \frac{\text{वर्ष 1 सप्लाई} + \text{वर्ष 2 सप्लाई} + \text{वर्ष 3 सप्लाई}}{3}$$

  • यदि किसी किसान ने पिछले 3 साल लगातार सप्लाई की है, तो उसका 3 साल का औसत लिया जाता है।
  • यदि किसी नए किसान ने केवल 1 या 2 साल सप्लाई की है, तो उपलब्ध वर्षों का औसत या कुल उत्पादन का 85% मानक कोटा माना जाता है।

अगर सट्टा या रकबा कम दिखे तो सुधार कैसे कराएं?

यदि सट्टा प्री-कैलेंडर में आपका रकबा कम दर्ज हुआ है या बेसिक कोटा कट गया है, तो तुरंत ये कदम उठाएं:

  1. गन्ना पर्यवेक्षक (Cane Supervisor) से संपर्क: अपने गांव के संबंधित गन्ना पर्यवेक्षक से मिलकर सर्वे पर्ची (Survey Slip) दिखाएं।
  2. समिति में आपत्ति (Objection) दर्ज करें: अपनी संबंधित सहकारी गन्ना विकास समिति में जाकर निर्धारित प्रारूप पर संशोधन प्रार्थना पत्र जमा करें।
  3. ऑनलाइन ग्रीवांस (Grievance): enquiry.caneup.in पोर्टल पर ‘Grievance’ मेनू में जाकर अपनी शिकायत ऑनलाइन दर्ज करें।
  4. टोल-फ्री हेल्पलाइन पर कॉल करें: किसी भी समस्या या धोखाधड़ी की स्थिति में विभाग के टोल-फ्री नंबर 1800-121-3203 पर शिकायत दर्ज कराएं।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)

Q1. सट्टा प्री-कैलेंडर कब तक लाइव रहता है?

सट्टा प्री-कैलेंडर अगस्त के अंतिम सप्ताह से लेकर सितंबर तक लाइव रहता है। इसके बाद आपत्तियों का निस्तारण करके अंतिम आपूर्ति पर्ची कैलेंडर (Supply Ticket Calendar) जारी किया जाता है।

Q2. क्या घोषणा पत्र (Ghosna Patra) भरे बिना सट्टा चालू रहेगा?

बिल्कुल नहीं! जिन किसानों ने ऑनलाइन घोषणा पत्र नहीं भरा है, उनका सट्टा लॉक कर दिया जाता है और प्री-कैलेंडर में पर्चियां शून्य दिखाई देंगी।

Q3. eGanna App पर प्री-कैलेंडर कैसे देखें?

eGanna App v6.0 खोलें, अपना किसान कोड जोड़ें और नीचे दिए गए मेन्यू में ‘Pre-Calendar’ विकल्प पर टैप करें।


गन्ना सर्वे, पर्ची कैलेंडर और यूपी कृषि से जुड़ी हर प्रमाणित जानकारी के लिए CaneUp.xyz के साथ जुड़े रहें और इस जानकारी को अन्य किसान भाइयों के साथ जरूर शेयर करें!

🌾 CaneUp किसान सहायता पोर्टल

अपनी समस्या या सवाल दर्ज करें

गन्ना पर्ची, सट्टा संशोधन, सर्वे, ई-गन्ना ऐप या भुगतान में कोई भी दिक्कत हो, नीचे अपनी जानकारी भरें। हमारी टीम समाधान में आपकी पूरी मदद करेगी।

1 जिला व मिल चुनें
2 गांव व नाम डालें
3 समस्या लिखकर भेजें
उत्तर प्रदेश का अपना जनपद चुनें
आपके जिले से संबंधित चीनी मिलें
इस नंबर पर आपको पर्ची और भुगतान के व्हाट्सएप अपडेट्स मिलेंगे
जितना स्पष्ट लिखेंगे, उतनी जल्दी सटीक समाधान मिलेगा

🔒 आपकी निजी जानकारी 100% सुरक्षित है। हम कोई स्पैम नहीं भेजते। केवल आपकी मिल से जुड़े आधिकारिक अपडेट्स शेयर किए जाते हैं।

✓
Aamir Raza
लेखक एवं मुख्य संपादक

Aamir Raza

संस्थापक एवं प्रधान संपादक — CaneUp.xyz। उत्तर प्रदेश गन्ना उद्योग, पर्ची कैलेंडर, SAP/MSP मूल्य नीति, ई-गन्ना पोर्टल और किसान अधिकारों पर 10+ वर्षों का जमीनी अनुभव।

यह आर्टिकल कैसा लगा?

📬 गन्ना अपडेट पाएं

MSP रेट, पर्ची कैलेंडर, सरकारी योजनाएं — सीधे आपके इनबॉक्स में